AURORA 4.0 XLRI: पॉलीक्राइसिस दौर में प्रोडक्ट मैनेजमेंट पर विशेषज्ञों ने साझा किए अनुभव
जमशेदपुर। AURORA 4.0 XLRI के तहत एक्सएलआरआई जमशेदपुर के PGDM (GM) के प्रोडक्ट मैनेजमेंट क्लब ProdZion की ओर से प्रोडक्ट मैनेजमेंट सिम्पोजियम का आयोजन किया गया। इस वर्ष कार्यक्रम की थीम “पॉलीक्राइसिस एरा में प्रोडक्ट मैनेजमेंट” रखी गई। कार्यक्रम में देश-विदेश की प्रमुख कंपनियों से जुड़े 19 वरिष्ठ प्रोडक्ट मैनेजमेंट विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया और छात्रों के साथ अपने अनुभव एवं विचार साझा किए।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ऐसे दौर में प्रोडक्ट मैनेजमेंट की बदलती भूमिका को समझना रहा, जब कंपनियां एक साथ आर्थिक अस्थिरता, भू-राजनीतिक तनाव, तकनीकी बदलाव, बढ़ती प्रतिस्पर्धा और उपभोक्ताओं की बदलती जरूरतों जैसी कई चुनौतियों का सामना कर रही हैं। विशेषज्ञों ने बताया कि ऐसे माहौल में किसी भी प्रोडक्ट की सफलता के लिए केवल तकनीकी क्षमता पर्याप्त नहीं है, बल्कि बाजार की परिस्थितियों को समझने और तेजी से बदलाव के अनुसार रणनीति बदलने की क्षमता भी जरूरी है।
AURORA 4.0 में ServiceNow, Amazon, J.P. Morgan, Microsoft, Oracle, Mastercard, ADP, BNY, Edelweiss Life Insurance, Indian Register of Shipping, Newgen Software, RWS Group, Yuma Energy, Zato और CDK Global सहित कई प्रमुख कंपनियों के विशेषज्ञ शामिल हुए। उन्होंने छात्रों के साथ प्रोडक्ट डेवलपमेंट, मार्केटिंग, मॉनेटाइजेशन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और प्रोडक्ट लीडरशिप से जुड़े व्यावहारिक अनुभव साझा किए।
संकट के दौर में मजबूत प्रोडक्ट बनाने पर चर्चा
कार्यक्रम के पहले पैनल “Navigating Shocks: Building Resilient Products in a Polycrisis Era” में आर्थिक, भू-राजनीतिक और परिचालन संकटों के बीच मजबूत और लचीले प्रोडक्ट तैयार करने पर चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने कहा कि आज के दौर में कंपनियों को अपनी प्रोडक्ट रणनीति में लचीलापन रखना होगा।
उन्होंने छात्रों को बताया कि अनिश्चित परिस्थितियों में लंबे समय की योजनाओं पर पूरी तरह निर्भर रहने के बजाय परिस्थितियों के अनुसार रोडमैप में बदलाव करने की क्षमता महत्वपूर्ण है। बाजार में अचानक होने वाले बदलावों के बावजूद ग्राहकों की जरूरतों को समझते हुए प्रोडक्ट को लगातार बेहतर बनाना जरूरी है।
महंगाई के दौर में ‘सैशे इकोनॉमी 2.0’
दूसरे पैनल “The Sachet Economy 2.0” में महंगाई और कीमतों को लेकर संवेदनशील उपभोक्ता बाजार पर चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने बताया कि बदलती आर्थिक परिस्थितियों में कंपनियों के लिए प्रोडक्ट की कीमत, पैकेजिंग और मॉनेटाइजेशन रणनीति को नए तरीके से तैयार करना जरूरी हो गया है।
चर्चा में इस बात पर जोर दिया गया कि ग्राहकों की खरीद क्षमता और उनकी बदलती प्राथमिकताओं को ध्यान में रखकर कंपनियों को ऐसे प्रोडक्ट और बिजनेस मॉडल तैयार करने होंगे, जो ग्राहकों को बेहतर मूल्य प्रदान कर सकें।
India Stack 3.0 और बड़े पैमाने के डिजिटल प्रोडक्ट
कार्यक्रम के तीसरे सत्र में India Stack 3.0 के माध्यम से बड़े पैमाने पर इस्तेमाल होने वाले हाई-अवेलेबिलिटी प्रोडक्ट तैयार करने पर विशेषज्ञों ने विचार साझा किए। चर्चा में डिजिटल प्लेटफॉर्म की क्षमता, बड़े यूजर बेस को संभालने की तकनीकी जरूरतों और भरोसेमंद डिजिटल सेवाएं उपलब्ध कराने जैसे विषयों पर ध्यान दिया गया।
विशेषज्ञों ने कहा कि भारत जैसे बड़े और विविध बाजार में प्रोडक्ट तैयार करते समय केवल फीचर्स पर ध्यान देना पर्याप्त नहीं है। प्रोडक्ट को बड़ी संख्या में उपयोगकर्ताओं की जरूरतों को पूरा करने के साथ-साथ भरोसेमंद, सुरक्षित और आसानी से इस्तेमाल होने वाला बनाना भी जरूरी है।
एआई के दौर में प्रोडक्ट मैनेजर की भूमिका
अंतिम सत्र “Employability under a Polycrisis – The Anti-Fragile PM” में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते प्रभाव के बीच प्रोडक्ट मैनेजमेंट पेशेवरों के भविष्य पर चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने कहा कि एआई कई तकनीकी और नियमित कार्यों को आसान बना रहा है, लेकिन प्रोडक्ट मैनेजर के लिए मानवीय समझ, नेतृत्व क्षमता, निर्णय लेने की क्षमता और समस्या को सही तरीके से पहचानने का कौशल अब भी बेहद महत्वपूर्ण है।
छात्रों को लगातार नई तकनीक सीखने, अपने कौशल को अपडेट करने और बदलते कारोबारी माहौल के अनुरूप खुद को तैयार रखने की सलाह दी गई। विशेषज्ञों के अनुसार भविष्य के प्रोडक्ट मैनेजरों को तकनीकी ज्ञान के साथ-साथ बिजनेस समझ और नेतृत्व क्षमता पर भी काम करना होगा।
छात्रों को मिला उद्योग विशेषज्ञों से सीधा संवाद का अवसर
AURORA 4.0 के जरिए XLRI के छात्रों को विभिन्न उद्योगों के अनुभवी प्रोडक्ट मैनेजमेंट विशेषज्ञों से सीधे बातचीत करने का अवसर मिला। छात्रों ने विशेषज्ञों से प्रोडक्ट डेवलपमेंट, करियर, एआई, बाजार की चुनौतियों और नेतृत्व से जुड़े सवाल पूछे।
कार्यक्रम ने इस बात को रेखांकित किया कि वर्तमान कारोबारी माहौल में प्रोडक्ट मैनेजमेंट के क्षेत्र में सफल होने के लिए अनुकूलनशील सोच, लगातार सीखने की आदत, तकनीकी समझ और प्रभावी नेतृत्व बेहद जरूरी हैं।
कार्यक्रम के दौरान डॉ. कनागरज अय्यलुसामी, प्रोफेसर ऑफ फाइनेंस एवं कॉरपोरेट रिलेशंस एंड प्लेसमेंट्स के संयोजक, पूरे समय उपस्थित रहे। उन्होंने कार्यक्रम में शामिल अतिथियों को सम्मानित किया और धन्यवाद ज्ञापन किया।
AURORA 4.0 की संकल्पना और आयोजन XLRI के कॉरपोरेट रिलेशंस एंड प्लेसमेंट विभाग के सीनियर कॉरपोरेट रिलेशंस ऑफिसर Shownu Winstington के नेतृत्व में किया गया। कार्यक्रम ने छात्रों और उद्योग विशेषज्ञों के बीच संवाद को मजबूत करने के साथ प्रोडक्ट मैनेजमेंट के क्षेत्र में उभरती चुनौतियों और अवसरों को समझने का महत्वपूर्ण मंच प्रदान किया।